19 May 2026
डॉ. अब्दुल जलील फरीदी साहब की योमे वफ़ात पर उन्हें खिराज-ए-अकीदत पेश की गई
बरेली। ऑल इंडिया मुस्लिम मजलिस पार्टी के संस्थापक एवं महान समाजसेवी डॉ. अब्दुल जलील फरीदी की योमे वफ़ात के अवसर पर आज शाम 4 बजे से फरीदापुर चौधरी, बरेली स्थित एडवोकेट अकील उद्दीन के आवास पर एक यादगार कार्यक्रम एवं श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम एडवोकेट अकील उद्दीन की सरपरस्ती में संपन्न हुआ, जिसमें पार्टी पदाधिकारियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं विभिन्न क्षेत्रों से आए लोगों ने बड़ी संख्या में शिरकत की।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि ऑल इंडिया मुस्लिम मजलिस के राष्ट्रीय अध्यक्ष एडवोकेट वसी अहमद रहे। इस अवसर पर डॉ. फरीदी के सामाजिक, राजनीतिक एवं मानवीय योगदान को याद करते हुए वक्ताओं ने उन्हें गरीबों, पिछड़ों, दलितों और अल्पसंख्यकों की आवाज बताया।
“डॉ. फरीदी केवल नेता नहीं, एक विचारधारा थे” कृ एडवोकेट वसी अहमद
मुख्य अतिथि एडवोकेट वसी अहमद ने अपने विस्तृत संबोधन में कहा कि डॉ. अब्दुल जलील फरीदी ने उस दौर में दलित-पिछड़े-मुस्लिम एकता की बात उठाई, जब समाज जाति और धर्म के नाम पर बंटा हुआ था। उन्होंने कहा कि फरीदी साहब एक बड़े डॉक्टर होने के बावजूद गरीबों का मुफ्त इलाज करते थे और अपनी कमाई का बड़ा हिस्सा समाज के कमजोर तबकों की मदद में खर्च कर देते थे।
उन्होंने कहा, “डॉ. फरीदी साहब ने हमेशा इंसाफ, बराबरी और संवैधानिक अधिकारों की लड़ाई लड़ी। उन्होंने महसूस किया था कि सत्ता में पहुंचने के बाद बड़ी पार्टियां मुस्लिम समाज, पिछड़ों और गरीबों के मुद्दों को भूल जाती हैं। इसलिए उन्होंने 1968 में मुस्लिम मजलिस की स्थापना कर वंचित समाज को राजनीतिक आवाज देने का काम किया। आज भी उनका नाम सम्मान के साथ लिया जाता है क्योंकि उन्होंने समाज को जोड़ने की राजनीति की।”
एडवोकेट वसी अहमद ने आगे कहा कि आज देश को फिर उसी सोच और भाईचारे की जरूरत है, जिसकी नींव डॉ. फरीदी ने रखी थी। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे नफरत की राजनीति से ऊपर उठकर सामाजिक न्याय और इंसानियत की लड़ाई को मजबूत करें।
“फरीदी साहब का मिशन समाज को जोड़ना था” कृ मुख्तार अहमद
प्रदेश संगठन मंत्री मुख्तार अहमद ने कहा कि डॉ. फरीदी ने हमेशा शिक्षा, सामाजिक बराबरी और राजनीतिक भागीदारी को प्राथमिकता दी। उन्होंने कहा कि फरीदी साहब की सोच केवल मुस्लिम समाज तक सीमित नहीं थी बल्कि वह हर कमजोर और वंचित व्यक्ति की आवाज थे।
मुख्तार अहमद ने कहा, “आज जरूरत इस बात की है कि युवा पीढ़ी डॉ. फरीदी के संघर्ष और त्याग से प्रेरणा ले। उन्होंने हमें सिखाया कि राजनीति का उद्देश्य समाज सेवा और इंसाफ होना चाहिए, न कि सत्ता और स्वार्थ।”
“फरीदी साहब की विरासत को आगे बढ़ाना हमारी जिम्मेदारी” कृ एडवोकेट अकील उद्दीन
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे एडवोकेट अकील उद्दीन ने कहा कि डॉ. फरीदी की विचारधारा आज भी प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि समाज में बढ़ती नफरत और विभाजनकारी राजनीति के बीच डॉ. फरीदी का संदेश मोहब्बत, इंसाफ और एकता का संदेश देता है।
उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता उनके मिशन को गांव-गांव और शहर-शहर तक पहुंचाने का काम करेंगे।
इन लोगों ने की शिरकत
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से जिला अध्यक्ष अतीक करम इदरीसी, 122 फरीदपुर विधानसभा प्रत्याशी दीपेश भारती, पश्चिम दिल्ली अध्यक्ष मोहम्मद इबाद, सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता एवं समाजसेवी मौजूद रहे।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. अब्दुल जलील फरीदी को खिराज-ए-अकीदत पेश करते हुए उनके बताए रास्ते पर चलने का संकल्प लिया गया।